Bokaro: सोमवार को नगर निगम के महापौर पद के लिए नामांकन प्रक्रिया के शुरू होते ही चास क्षेत्र में भीषण ट्रैफिक जाम देखने को मिला। SDM कार्यालय में नामांकन कराने आए उम्मीदवारों और उनके समर्थकों की भारी भीड़ के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग-32 सबसे ज्यादा प्रभावित रहा। चास के सड़को में भी वाहन कई जगह धीरे-धीरे ही चल पा रहे थे। राष्ट्रीय राजमार्ग-23 के ITI चौराहे पर भी यातायात प्रभावित हुआ।
ट्रैफिक पुलिस की कमी
ITI चौराहा, जो दोनों राष्ट्रीय राजमार्गों को जोड़ता है, कई घंटों तक प्रभावित रहा और यात्रियों को परेशान कर दिया। पुलिसकर्मियों की संख्या काफी कम थी और भीड़ व भारी ट्रैफिक के बीच उनकी कोशिशें नाकाफी साबित हुईं। एक यात्री राजेश कुमार ने कहा, “मैं ITI चौराहे पर आधे घंटे से अधिक फंसा रहा। प्रशासन को नामांकन की जानकारी थी, फिर भी कोई ठोस ट्रैफिक प्लान नहीं था।”
कचरे के डंप से दुर्गन्ध, पब्लिक नाराज
सड़क पर फंसे लोगों की परेशानी में हाईवे किनारे डंप किये गए कचरे से उठने वाली धूल और दुर्गंध ने भी इजाफा किया। ऑटो चालक अनिल महतो ने कहा, “हम यह जाम में फंसे थे। कचरे की गंध और धूल ने स्थिति और खराब कर दी।” यात्री और स्थानीय लोग प्रशासन की तैयारियों और प्रबंधन पर नाराजगी जाहिर करते नजर आए। एक महिला यात्री ने कहा, “इतने सारे उम्मीदवार और उनके समर्थक सड़क पर होंगे, यह तो होना ही था। पुलिस प्रसाशन क्या कर रहा है ?”

समर्थको के हुजूम के साथ पहुंचे अभ्यर्थी
हालांकि SDM कार्यालय के गेट पर बैरिकेड और पुलिस तैनात थी, आसपास की सड़कों पर ट्रैफिक नियंत्रण प्रभावहीन साबित हुआ। महापौर पद के उम्मीदवार भोलू पासवान के समर्थकों के बड़े जत्थे के आगमन और विकाश पांडेय व गजेंद्र प्रसाद हिमांशु के समर्थक झुंडों के साथ आने से जाम और बढ़ गया।
DSP ट्रैफिक ने बताया, “पुलिसकर्मियों ने ट्रैफिक सामान्य करने की कोशिश की। आज की स्थिति देखकर प्रशासन ने निर्णय लिया है कि मजिस्ट्रेट और अधिक पुलिसकर्मी, साथ ही ट्रैफिक पुलिस की संख्या बढ़ाई जाएगी।”

