Bokaro: शहर में बीएसएल की जमीन पर अवैध कब्जे का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में है। सेक्टर-12 मेडिकल कॉलेज और भथुआ क्षेत्र के आसपास कोलकाता-अमृतसर इंडस्ट्रियल कॉरिडोर की संभावित योजना की खबर के बाद अतिक्रमण की रफ्तार तेज हो गई है। आप पढ़ रहे है कर्रेंटबोकारो। टाउनशिप में वर्षों से गुमटी, ठेला, खटाल, गैराज और मकान बनाकर जमीन कब्जाने की कोशिशें जारी हैं। अब सेल और बीएसएल प्रबंधन के शीर्ष अधिकारियों ने सख्त रुख अपनाते हुए नगर प्रसाशन को स्पष्ट निर्देश दिया है कि किसी भी हाल में भथुआ और मेडिकल कॉलेज के इलाको में बीएसएल के जमीन पर कोई नया अतिक्रमण नहीं होने पाए।

अवैध प्लॉटिंग की सूचना
इसी क्रम में भथुआ इलाके में बीएसएल की जमीन पर अवैध प्लॉटिंग की सूचना मिलने पर डीजीएम सिक्योरिटी कर्नल शेखावत के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची। जांच के दौरान वहां निर्माण कार्य चलता पाया गया। जब टीम ने निर्माण से जुड़े लोगों से जानकारी लेनी चाही, तो पहले उन्होंने सांसद ढुलू महतो का नाम लेकर उन्हें हड़काने की कोशिश की। उसके बाद उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया। आप पढ़ रहे है कर्रेंटबोकारो। आरोप है कि टीम पर पत्थर फेंके गए, गाली-गलौज की गई और हाथापाई की कोशिश भी की गई। महिला द्वारा छेड़खानी का झूठा आरोप लगाने का भी प्रयास किया गया।
आरोप
स्थिति को देखते हुए टीम को मौके से लौटना पड़ा। आप पढ़ रहे है कर्रेंटबोकारो। बीएसएल के सूचना प्रमुख मणिकांत धान ने पुष्टि की कि जमीन कंपनी की है। उन्होंने कहा कि बीएसएल द्वारा इस मामले में क़ानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। वहीं निर्माणकर्ता ने सभी आरोप गलत बताते हुए कहा कि ये उनकी पैतृक जमीन है। वह कोई अवैध कब्ज़ा नहीं कर रहे है। जमीन के सारे कागजात उनके पास है।


