Bokaro: डीसी राजेश सिंह के आदेश पर सभी कोविड अस्पतालों में आगलगी का मॉकड्रिल का आयोजन किया जायेगा. डीसी सह जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकार के अध्यक्ष राजेश सिंह ने इसके लिए जिले के वैसे 17 अस्पतालों में मॉकड्रिल का आयोजन करने का निर्देश दिया है जहां 20 से अधिक मरीजों का इलाज चल रहा है. इसके के लिए नोडल पदाधिकारी को प्रतिनियुक्ति की है. मॉकड्रिल के दौरान अस्पताल के कर्मचारियों को भी आग लगने पर बचाव के तरीकों की जानकारी दी जायेगी.
अस्पतालों का हो चुका है सुरक्षा सर्वे-
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकार के अध्यक्ष राजेश सिंह के निर्देश पर सभी अस्पतालों में अग्नि शमन की व्यवस्थाओं का सर्वे हो चुका है. जिला आपदा प्रबंधन पदाधिकारी शक्ति कुमार ने बताया कि कई अस्पतालों व नर्सिंग होम में सुरक्षा व्यवस्था में कमी पायी गयी है. कमियों को सिविल सर्जन के माध्यम से लगभग दूर कर दिया गया है.

जिला आपदा प्रबंधन पदाधिकारी शक्ति कुमार के मुताबिक-
कोविड के बढ़ते प्रकोप की वजह से अस्पताल में बेड्स, स्टॉफ और मेडिकल इक्विपमेंट्स ज्यादा लगाई जा रही हैं. इस वजह से इलेक्ट्रिकल वाइरिंग सिस्टम पर भारी दबाव पड़ता है. इलेक्ट्रिकल वायरिंग सिस्टम पर ज्यादा दबाव पड़ने से मेडिकल इक्विपमेंट या फिर इलेक्ट्रिकल वायर ओवरलोडिंग की वजह से ओवर हीट हो जाती है. ऑक्सीजन और सेनिटाइजर की मौजूदगी से आग की लपटें तेजी से पकड़ती हैं.
इन अस्पतालों में होगा मॉकड्रिल-
बीजीएच, सदर अस्पताल, ए एनएम सेंटर, केएम मेमोरियल, मुस्कान हॉस्पिटल, देवांश हॉस्पिटल, सीसीएल कोविड सेंटर, शिवशक्ति हॉस्पिटल, स्वस्तिक हॉस्पिटल,शिवम हॉस्पिटल, कृष्णा नर्सिंग होम, जीके हॉस्पिटल, माँ शारदा हॉस्पिटल, नीलम नर्सिंग होम, रॉयल हॉस्पिटल व नवजीवन हॉस्पिटल शामिल है.
