Bokaro: EPS-95 योजना के अंतर्गत पहली डिमांड की राशि समय पर जमा नहीं कर पाए सदस्यों को पुनः अवसर देने की माँग तेज हो गई है। इसी मुद्दे को लेकर BSOA महासचिव एवं SEFI चेयरमैन अजय कुमार पांडेय ने ED-फाइनेंस से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारी से तुरंत पहल करने और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करने का आग्रह किया।
अजय कुमार पांडेय ने EPFO-रांची से वैसा ही निर्देश जारी करने की अपील की है, जैसा EPFO-राउरकेला द्वारा किया गया है। उन्होंने कहा कि हायर पेंशन के इच्छुक कई सदस्य समय पर राशि जमा नहीं कर पाए थे। कारणों में बीमार होना, शहर से बाहर जाना, रिटायरमेंट के बाद आर्थिक असमर्थता और विदेश में रहना शामिल था।
तकनीकी चुनौतियों का भी हवाला
बोकारो इस्पात संयंत्र के अधिकांश कर्मचारी वर्षों तक सेवा देते रहे हैं, लेकिन कई कंप्यूटर फ्रेंडली नहीं हैं। इस वजह से वे समय पर ऑनलाइन प्रक्रियाओं को पूरा नहीं कर सके। पांडेय ने कहा कि EPFO का कार्य सामाजिक हित से जुड़ा हुआ है और रांची कार्यालय के अधिकारी भी मेहनत से काम कर रहे हैं।
सभी यूनिट को मान्यता की माँग
जानकारी के अनुसार वर्तमान में केवल बोकारो, राउरकेला, RDCIS और SRU PF Trust को ही EPS-95 हायर पेंशन के लिए मान्यता मिली है। SEFI प्रतिनिधिमंडल ने हाल ही में लेबर मिनिस्टर और CPFC से मुलाकात कर सभी यूनिट को मान्यता देने की माँग भी रखी है।
BSOA महासचिव सह SEFI चेयरमैन अजय कुमार पांडेय का बयान:
“EPS-95 हायर पेंशन में वंचित सदस्यों को पुनः अवसर मिलना चाहिए। बीमारी, बाहर रहने और तकनीकी बाधाओं से कई लोग राशि जमा नहीं कर सके। हमने EPFO-रांची से राउरकेला की तर्ज पर आदेश जारी करने की अपील की है।”