Bokaro: विज्ञान के क्षेत्र में देश की सबसे बड़ी प्रतिभा-खोज प्रतियोगिता विद्यार्थी विज्ञान मंथन (VVM) में डीपीएस बोकारो के विद्यार्थियों ने एक बार फिर न केवल अपना दबदबा कायम किया, बल्कि नया कीर्तिमान भी रचा है। विद्यालय के कुल चार छात्र राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा के लिए क्वालीफाई कर गए हैं। खास बात यह है कि इनमें से तीन ने पूरे झारखंड में अपने-अपने वर्गों में पहला स्थान प्राप्त कर विद्यालय और शहर का नाम गौरवान्वित किया है।
छठी कक्षा के छात्र राघव कृष्ण, सातवीं के सात्विक रूपम द्विवेदी और 10वीं के विद्यार्थी शिवम ओझा ने अपने-अपने वर्गों में पूरे राज्य में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। वहीं, कक्षा 6 के अक्षत प्रियदर्शी को दूसरा स्थान मिला। ये चारों विद्यार्थी अब आगामी मई, 2026 में होने वाली विद्यार्थी विज्ञान मंथन की राष्ट्रीय परीक्षा में शामिल होंगे। किसी एक विद्यालय से तीन-तीन छात्रों को रैंक- 1 मिलना एक नया कीर्तिमान बताया जा रहा है।
विदित हो कि 28 अक्टूबर, 2025 से 02 नवंबर, 2025 की अवधि में विभिन्न कक्षाओं के लिए ऑनलाइन मोड में वीवीएम 2025-26 की परीक्षाएं हुई थीं। इसमें डीपीएस बोकारो के सात विद्यार्थी राज्य स्तर पर चयनित किए गए थे। इसके बाद 11 जनवरी 2026 को सीएसआईआर, सीआईएमएफआर, धनबाद में आयोजित राज्यस्तरीय शिविर में प्रैक्टिकल और लिखित परीक्षा के बाद पूरे झारखंड से डीपीएस बोकारो के विद्यार्थियों का सर्वोत्कृष्ट प्रदर्शन रहा।

उन्हें कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आईआईटी (आईएसएम) धनबाद के निदेशक विज्ञान भारती, झारखंड के अध्यक्ष प्रो. सुकुमार मिश्रा तथा सीएसआईआर-सिंफर, धनबाद के निदेशक प्रो. अरविन्द कुमार मिश्रा के हाथों पुरस्कृत होने का सौभाग्य मिला। प्रथम स्थान वाले प्रत्येक प्रतिभागी को पांच हजार रुपए नकद की पारितोषिक राशि के साथ-साथ प्रमाण-पत्र एवं स्मृति-चिह्न तथा द्वितीय स्थान वाले छात्र को तीन हजार रुपए नकद पुरस्कार के साथ सर्टिफिकेट व मोमेंटो देकर पुरस्कृत किया गया।
राज्यस्तरीय उक्त परीक्षा में झारखंड के विभिन्न जिलों से कक्षा 6 से 11वीं के कुल 180 प्रतिभागियों ने भाग लिया। उनमें से प्रत्येक वर्ग में प्रथम एवं द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले 12 छात्र-छात्राएं प्रतियोगिता के सबसे अंतिम चरण राष्ट्र स्तरीय शिविर के लिए चयनित किए गए। इनमें एक तिहाई अकेले डीपीएस बोकारो से से ही हैं।
डीपीएस बोकारो के प्राचार्य डॉ. ए. एस. गंगवार ने अपने विद्यालय के छात्रों की इस शानदार सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई एवं राष्ट्रीय स्तर के लिए अपनी शुभकामनाएं दीं। उन्होंने इसे गौरवपूर्ण परिणाम बताते हुए कहा कि यह विद्यार्थियों की मेहनत और शिक्षकों के कुशल मार्गदर्शन का नतीजा है।डीपीएस बोकारो बच्चों की वैज्ञानिक प्रतिभा को निखारने की दिशा में सतत कटिबद्ध है। इसके लिए उन्हें हर अवसर और मंच प्रदान किए जाते रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग और एनसीईआरटी की ओर से आयोजित विद्यार्थी विज्ञान मंथन विज्ञान की सबसे बड़ी प्रतिभा-खोज प्रतियोगिता है। इस परीक्षा का मुख्य उद्देश्य बच्चों में विज्ञान के प्रति रुचि उत्पन्न करना तथा विज्ञान के क्षेत्र में भारतीय वैज्ञानिकों द्वारा किए गए योगदान से अवगत कराना है। यह परीक्षा तीन स्तरों पर आयोजित की जाती है।
प्रथम स्तर पर इसका आयोजन स्कूल एवं कॉलेज में ऑनलाइन माध्यम से होता है। उसमें विजयी प्रतिभागी राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में भाग लेते हैं। उसके बाद राष्ट्रीय स्तर पर तृतीय चरण की प्रतियोगिता होती है। इसमें कक्षा 6 से 11 तक के विद्यार्थी सम्मिलित हो सकते हैं। प्रतिभागियों को रसायन विज्ञान, भौतिकी-शास्त्र, जीव विज्ञान एवं गणित विषय की प्रायोगिक तथा लिखित परीक्षा में अपना सर्वश्रेष्ठ देना होता है।

