Bokaro : उपायुक्त राजेश सिंह ने कहा कि कोरोना की दूसरी लहर का तांडव देखने के बाद जिला प्रशासन संभावित तीसरी लहर से निपटने की तैयारी में जुट गया। तीसरी लहर से बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए अभिभावकों का टीकाकरण कराया जाना बेहद जरूरी है। अगर माता-पिता सुरक्षित रहेंगे तभी वे अपने बच्चों को भी सुरक्षित रख पाएंगे।
उन्होंने कहा कि जिले में टीकाकरण हेतु पहले चरण में स्वास्थ्य कर्मी, दूसरे चरण में फ्रंटलाइन वर्क और तीसरे चरण में 45 से अधिक उम्र वाले लोगों का टीकाकरण कराया गया। चौथे चरण की शुरुआत 14 मई, 2021 से हुई है। इसमें 18 वर्ष से 44 वर्ष के लोगों का टीकाकरण किया जा रहा है। उपायुक्त ने कहा कि तीसरी लहर की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन 18 वर्ष से अधिक उम्र के हर नागरिकों को वैक्सीन लेने के लिए प्रेरित कर रहा है। इसके लिए सभी प्रखंडो में जागरूकता कार्यक्रम भी किया जा रहा है। साथ ही शत प्रतिशत टीकाकरण को लेकर वैक्सीनेशन वाहन का परिचालन किया जा रहा है। जो हर प्रखंडो के निर्धारित स्थानो पर शिविर लगाकर टीकाकरण कर रही है।

बच्चों के स्वस्थ रहने के लिए अभिभावकों का सुरक्षित होना बहुत जरूरी है-
उपायुक्त राजेश सिंह ने कहा कि बच्चों के स्वस्थ रहने के लिए अभिभावकों का सुरक्षित होना बहुत जरूरी है। किसी कारणवश यदि बच्चे संक्रमित हुए तो उनकी देखरेख माता-पिता को ही करनी पड़ेगी, क्योंकि बच्चों को अकेले अस्पताल में रोक पाना संभव नहीं होगा। बच्चों की देखभाल के लिए अभिभावकों के संक्रमित होने का खतरा रहेगा, मगर टीकाकरण हो जाने से उनके लिए खतरा कम हो जाएगा। उन्होंने कहा कि अगर माता-पिता पहले से ही कोरोना प्रतिरक्षित होंगे, तब बच्चों को भी संक्रमण की गुंजाइश कम होगी। साथ ही बताया कि टीकाकरण हो जाने के बाद शरीर में एंटीबॉडी बनने लगती है। इस स्थिति में जब अभिभावक प्रतिरक्षित हो जायेगे तब उनमें तीसरी लहर आने के पहले एंटीबॉडी बन चुकी होगी। इससे उनके संक्रमित होने का खतरा नग्न हो जाएगा।
