Bokaro: रेलवे सुरक्षा बल (RPF) पोस्ट बोकारो स्टील सिटी ने ऑपरेशन आहट के तहत सराहनीय कार्रवाई करते हुए चार नाबालिग बच्चों को बाल तस्करी के प्रयास से मुक्त कराया है। यह कार्रवाई 3 फरवरी 2026 को बोकारो स्टील सिटी रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 2-3 पर की गई।
नाबालिग बच्चों की संदिग्ध गतिविधियों की सूचना
आरपीएफ को प्लेटफॉर्म पर कुछ नाबालिग बच्चों की संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर आरपीएफ, सीआईबी/आद्रा एवं सीपीडीएस बोकारो की संयुक्त टीम ने मौके पर जांच की। जांच के दौरान ट्रेन संख्या 02831 से यात्रा की तैयारी कर रहे 19 लोगों में चार नाबालिग बच्चे पाए गए। पूछताछ में सामने आया कि बच्चों को उनके गंतव्य और साथ जा रहे व्यक्ति की कोई स्पष्ट जानकारी नहीं थी, जबकि उनके अभिभावकों को इस यात्रा की कोई जानकारी या सहमति नहीं थी।
ले जा रहा था तमिलनाडु के कोयंबटूर (अन्नूर)
साथ में मौजूद व्यक्ति ने अपनी पहचान रामू कुमार राय (30 वर्ष), निवासी दलगाचकड़ी, थाना मधुबन, जिला गिरिडीह के रूप में बताई। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि वह बच्चों को रोजगार दिलाने के बहाने तमिलनाडु के कोयंबटूर (अन्नूर) ले जा रहा था। उसने यह भी बताया कि यात्रा का पूरा खर्च वहन किया गया था और टिकट ई-टिकट के माध्यम से कराए गए थे। आरोपी ने वर्ष 2021 से इस तरह की गतिविधियों में संलिप्त होने की बात भी कबूल की।

गिरिडीह जिले के विभिन्न गांवों के निवासी
बचाए गए नाबालिगों में सभी गिरिडीह जिले के विभिन्न गांवों के निवासी हैं। बच्चों को आरपीएफ पोस्ट बोकारो लाया गया, जहां चाइल्ड लाइन बोकारो की मौजूदगी में बयान दर्ज किए गए। बाद में सभी नाबालिगों को बाल कल्याण समिति (सीडब्ल्यूसी), बोकारो के समक्ष प्रस्तुत कर उन्हें सौंप दिया गया।
सात यात्रा टिकट और 3200 रुपये नकद जब्त
कार्रवाई के दौरान आरोपी के पास से दो मोबाइल फोन, सात यात्रा टिकट और 3200 रुपये नकद जब्त किए गए। इस संबंध में जीआरपीएस बोकारो में कांड संख्या 04/26 दिनांक 04 फरवरी 2026 दर्ज कर आरोपी के विरुद्ध बीएनएस की धारा 137(2), 143, 144 तथा बंधुआ मजदूरी निषेध अधिनियम की धारा 3/4 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
इस पूरी कार्रवाई का नेतृत्व निरीक्षक प्रभारी के निर्देशन में एसआई मीना कुमारी, एएसआई डी.के. द्विवेदी, एएसआई आशीष रंजन, कांस्टेबल हेमराज मीणा सहित आरपीएफ पोस्ट बीकेएससी की टीम ने किया।

