Bokaro: जिले में खाद्य सुरक्षा मानकों और तंबाकू निषेध कानून के पालन को लेकर सोमवार को व्यापक जांच अभियान चलाया गया। सिविल सर्जन के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी (एफएसओ-3) मो. एहसान आलम ने जिला तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम की टीम के साथ जरीडीह, फुसरो और चंद्रपुरा क्षेत्र के 53 होटल, रेस्टोरेंट और खाद्य प्रतिष्ठानों का संयुक्त औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कई प्रतिष्ठानों में खाद्य सुरक्षा मानकों और स्वच्छता नियमों का उल्लंघन सामने आया।

8 प्रतिष्ठानों को सुधार नोटिस, 10 पर जुर्माना
निरीक्षण के दौरान खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 तथा खाद्य सुरक्षा एवं मानक नियमावली-2011 के तहत जांच की गई। इसमें आठ प्रतिष्ठानों में नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर सुधार नोटिस जारी किया गया। वहीं सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम (कोटपा)-2003 के तहत धूम्रपान निषेध नियमों का उल्लंघन करने वाले 10 होटल संचालकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कुल 5,400 रुपये का अर्थदंड वसूला गया।

स्वच्छता और लाइसेंस प्रदर्शन में मिली कई खामियां
एफएसओ-3 मो. एहसान आलम ने बताया कि कई होटल एवं रेस्टोरेंट में साफ-सफाई का अभाव, खाद्य लाइसेंस प्रदर्शित नहीं करना, पैक्ड खाद्य पदार्थों पर आवश्यक लेबलिंग की कमी, खुले डस्टबिन का उपयोग तथा ‘नो स्मोकिंग एरिया’ संबंधी बोर्ड और दीवार लेखन नहीं पाए गए। संबंधित संचालकों को सभी कमियों को जल्द दूर करने और निर्धारित मानकों का पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।
जंगली मशरूम (खुखड़ी) खाने से पहले बरतें सावधानी
निरीक्षण के दौरान खाद्य सुरक्षा विभाग ने लोगों को जंगली मशरूम (खुखड़ी) के सेवन को लेकर भी सतर्क किया। एफएसओ-3 ने कहा कि बिना सही पहचान के जंगली मशरूम का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए, क्योंकि कई मशरूम विषैले होते हैं और इनके सेवन से फूड पॉइजनिंग, उल्टी, दस्त, चक्कर तथा गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं।
सुरक्षित और प्रमाणित खाद्य पदार्थों के सेवन की अपील
खाद्य सुरक्षा विभाग ने आम नागरिकों से केवल सुरक्षित एवं प्रमाणित खाद्य पदार्थों का सेवन करने, स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की है। विभाग ने स्पष्ट किया कि जिले में खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुपालन को लेकर आगे भी नियमित निरीक्षण अभियान जारी रहेगा।

