HCG Cancer Hospital Kolkata, in association with IMA Bokaro, organised a high-profile CME seminar titled ‘Cancer Update’ at IMA Bhavan. The event witnessed a massive gathering of over 60 prominent doctor. Expert oncologists Dr. Sanchayan Mandal and robotic surgeon Dr. M.U.R.S. Sireesha emphasised life-saving early awareness and advanced robotic treatments for gynecological cancers.
Bokaro: कैंसर के बढ़ते मामलों के बीच ‘जागरूकता ही बचाव है’ के संदेश को लेकर बोकारो के आईएमए भवन में एक महत्वपूर्ण सीएमई (सतत चिकित्सा शिक्षा) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कोलकाता के प्रसिद्ध एचसीजी कैंसर हॉस्पिटल (HCG Cancer Hospital, New Town) और आईएमए, बोकारो स्टील सिटी के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस संगोष्ठी का मुख्य विषय ‘कैंसर अपडेट’ रहा, जिसमें चिकित्सा जगत के कई दिग्गजों ने हिस्सा लिया।

वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारियों की रही गरिमामयी उपस्थिति
इस उच्च स्तरीय चिकित्सा कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में बोकारो जनरल अस्पताल (BGH) के चीफ मेडिकल ऑफिसर (CMO) डॉ. विभूति शामिल हुए। इसके साथ ही, बीजीएच के ही वरिष्ठ न्यूरोसर्जन सह सीएमओ डॉ. आनंद और डॉ. इंद्रनील भी विशिष्ट अतिथि के रूप में मंच पर मौजूद रहे। कार्यक्रम में शहर के लगभग 60 से अधिक डॉक्टरों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और कैंसर के खिलाफ इस मुहिम में एकजुटता दिखाई।
महिलाओं में बढ़ते कैंसर और रोबोटिक सर्जरी पर चर्चा
संगोष्ठी के दौरान एचसीजी कैंसर सेंटर, कोलकाता के विशेषज्ञों ने कैंसर के आधुनिक इलाज और रोकथाम से जुड़े गंभीर पहलुओं पर विस्तृत प्रकाश डाला:
आधुनिक ऑन्कोलॉजी: कंसलटेंट (मेडिकल ऑन्कोलॉजी) डॉ. संचयन मंडल ने कैंसर के बदलते स्वरूप और इसके लेटेस्ट ट्रीटमेंट ऑप्शंस के बारे में डॉक्टरों से संवाद किया।
गाइनेकोलॉजिकल कैंसर: वरिष्ठ गाइनेकोलॉजिकल ऑन्कोलॉजिस्ट व रोबोटिक सर्जन डॉ. एम.यू.आर.एस. शिरीषा ने महिलाओं में होने वाले कैंसर पर विशेष ध्यान केंद्रित किया। उन्होंने “क्योंकि जागरूकता ही जीवन बचाती है” का नारा देते हुए महिलाओं को शुरुआती लक्षणों के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी और इस क्षेत्र में रोबोटिक सर्जरी की उपयोगिता के बारे में बताया।

जागरूकता से ही संभव है बचाव

कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित मुख्य अतिथियों और डॉक्टरों ने माना कि कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी से लड़ने के लिए समय पर इसकी पहचान और सही इलाज बेहद जरूरी है। एचसीजी अस्पताल और आईएमए की इस संयुक्त पहल की सराहना करते हुए वक्ताओं ने कहा कि इस तरह के वैज्ञानिक सत्रों से स्थानीय स्तर पर मरीजों को बेहतर परामर्श देने में काफी मदद मिलेगी।
जागरूकता से ही संभव है बचाव
कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित मुख्य अतिथियों और डॉक्टरों ने माना कि कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी से लड़ने के लिए समय पर इसकी पहचान और सही इलाज बेहद जरूरी है। एचसीजी अस्पताल और आईएमए की इस संयुक्त पहल की सराहना करते हुए वक्ताओं ने कहा कि इस तरह के वैज्ञानिक सत्रों से स्थानीय स्तर पर मरीजों को बेहतर परामर्श देने में काफी मदद मिलेगी।
डॉ. विभूति (एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर, बीजीएच):
“कैंसर के खिलाफ लड़ाई में शुरुआती पहचान ही हमारा सबसे बड़ा हथियार है। इस सीएमई जैसे संयुक्त प्रयास उन्नत ऑन्कोलॉजिकल रिसर्च और क्लिनिकल प्रैक्टिस के बीच की दूरी को पाटते हैं। इससे हमारे स्थानीय डॉक्टरों को समय रहते लक्षणों को पहचानने और त्वरित इलाज से मरीजों की जान बचाने में मदद मिलेगी।”
डॉ. आनंद (न्यूरोसर्जन सह सीएमओ, बीजीएच):
“रोबोटिक सर्जरी जैसी अत्याधुनिक तकनीकों के आने से कैंसर के इलाज और उसके परिणामों में अभूतपूर्व बदलाव आया है। एचसीजी कोलकाता जैसे अग्रणी संस्थानों की विशेषज्ञता और हमारे स्थानीय डॉक्टरों के अनुभवों को एक मंच पर लाकर, हम इस जानलेवा बीमारी से और अधिक प्रभावी ढंग से लड़ने के लिए हेल्थकेयर इकोसिस्टम को मजबूत कर रहे हैं।”

