Bokaro : बालीडीह थाना क्षेत्र में अपहरण, मारपीट और लूटपाट के मामले में करीब दो वर्षों से फरार चल रहे आरोपी अभय पांडेय को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं और वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर था।

बहन ने दर्ज कराई थी प्राथमिकी
पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, 15 अक्टूबर 2024 को गायत्री मंदिर निवासी नितिका कुमारी ने बालीडीह थाना में लिखित शिकायत दी थी। शिकायत में कहा गया था कि अभय पांडेय, बलराम विश्वकर्मा समेत अन्य लोगों ने उसके भाई अंकित सिंह का अपहरण कर लिया था।
आरोप था कि सभी युवक अंकित सिंह को जबरन कार में बैठाकर सेक्टर-9 कूलिंग पॉन्ड की ओर ले गए और वहां उसके साथ मारपीट की। आरोपितों ने उसके पॉकेट से चार से पांच हजार रुपये निकाल लिए तथा मोबाइल के जरिए यूपीआई से भी एक हजार रुपये ट्रांसफर करा लिया।

घायल हालत में नया मोड़ में छोड़कर भागे थे आरोपी
पीड़ित युवक के साथ मारपीट करने के बाद आरोपित उसे घायल अवस्था में नया मोड़ के पास छोड़कर फरार हो गए थे। मामले में बालीडीह थाना कांड संख्या 301/2024 दर्ज कर पुलिस ने अनुसंधान शुरू किया था।
दूसरे कांड में भी था फरार
पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी अभय पांडेय घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था। उसे 22 मई 2026 को गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार वह बालीडीह थाना कांड संख्या 79/24 में भी वांछित था। इसके अलावा उसके खिलाफ कई मामलों में न्यायालय से गैर-जमानती वारंट भी जारी है।
आदतन अपराधी होने का दावा
पुलिस के मुताबिक अभय पांडेय आदतन अपराधी है और उसके खिलाफ बालीडीह थाना में कई मामले दर्ज हैं। गिरफ्तार आरोपी की पहचान कुर्मीडीह हनुमानगढ़ी निवासी अभय पांडेय के रूप में हुई है।
आरोपी पर दर्ज हैं कई मामले
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार आरोपी के खिलाफ वर्ष 2021, 2023 और 2024 में मारपीट, हत्या के प्रयास और अन्य गंभीर धाराओं में मामले दर्ज किए जा चुके हैं।
छापेमारी दल में ये पुलिसकर्मी रहे शामिल
गिरफ्तारी के लिए गठित टीम में पु.अ.नि. संदीप कुमार, पु.अ.नि. अजय कुमार राय, हवलदार जबरा मुण्डू और आरक्षी बैजनाथ राउत शामिल थे। सभी पुलिसकर्मी बालीडीह थाना में पदस्थापित हैं।
आरोपी ने खुद को बताया निर्दोष
गिरफ्तारी के बाद आरोपी अभय पांडेय ने अपने ऊपर लगे आरोपों को निराधार बताया। उसने कहा कि उसे मामले में गलत तरीके से फंसाया गया है। आरोपी का कहना है कि घटना से उसका कोई संबंध नहीं है और पुलिस एकतरफा कार्रवाई कर रही है। वहीं, पुलिस का दावा है कि मामले में पर्याप्त साक्ष्यों के आधार पर गिरफ्तारी की गई है और आगे की जांच जारी है।

