Bokaro : जिले के तेनुघाट दामोदर नदी तट पर सोमवार को गंगा दशहरा के अवसर पर श्रद्धा, आस्था और पर्यावरण संरक्षण का अद्भुत संगम देखने को मिला। जिला गंगा समिति की ओर से नमामि गंगे अभियान के तहत आयोजित गंगा दशहरा उत्सव-2026 में भव्य गंगा (दामोदर) आरती कार्यक्रम ने पूरे माहौल को भक्तिमय बना दिया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु, स्थानीय लोग और प्रशासनिक अधिकारी कार्यक्रम में शामिल हुए।

गंगा दशहरा का धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व
हिंदू धर्म में गंगा दशहरा का विशेष महत्व माना जाता है। मान्यता है कि इसी दिन मां गंगा का स्वर्ग से धरती पर अवतरण हुआ था। इस अवसर पर पवित्र नदियों में स्नान, पूजा-अर्चना और दान-पुण्य करने से पापों का नाश होता है तथा सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है। गंगा दशहरा लोगों को जल संरक्षण, स्वच्छता और प्रकृति के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का एहसास भी कराता है।
नदियों की स्वच्छता हम सबकी जिम्मेदारी : मंत्री
मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित पेयजल एवं स्वच्छता तथा मद्य निषेध विभाग के मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि नदियों को स्वच्छ रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि स्वच्छ जल स्रोत ही स्वस्थ समाज की नींव हैं। जल और पर्यावरण संरक्षण के बिना आने वाली पीढ़ियों का भविष्य सुरक्षित नहीं रह सकता। मंत्री ने लोगों से नदियों में गंदगी नहीं फैलाने और दूसरों को भी जागरूक करने की अपील की।

स्वच्छता और जल संरक्षण का दिलाया संकल्प
इस दौरान उपस्थित लोगों को दामोदर नदी को स्वच्छ रखने, सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग नहीं करने तथा जल संरक्षण का संकल्प दिलाया गया। वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच मंत्री योगेंद्र प्रसाद, पूर्व विधायक बबीता कुमारी, डीसी अजय नाथ झा, एसपी नाथू सिंह मीना समेत कई अधिकारियों ने दामोदर आरती की। वहीं कलाकार अंकित राज की महाआरती प्रस्तुति ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया।

