Bokaro: बोकारो के उपायुक्त अजय नाथ झा की अध्यक्षता में गुरुवार को समाहरणालय में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत राहत अनुदान योजना की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में कुल 78 मामलों की समीक्षा की गई। इनमें अनुसूचित जाति के 52 और अनुसूचित जनजाति के 26 मामले शामिल हैं। समिति ने पात्र पीड़ितों को राहत अनुदान की प्रथम किस्त के भुगतान की अनुशंसा की।


लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन का निर्देश
उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन करने तथा अनुसंधान और आरोप पत्र दाखिल करने की स्थिति की नियमित समीक्षा करने का निर्देश दिया। जिन मामलों में आरोप पत्र दाखिल हो चुका है, उनसे संबंधित अभिलेख एवं प्रतिवेदन समिति के समक्ष प्रस्तुत करने को कहा गया।
जाति प्रमाणपत्र सत्यापन में तेजी लाने पर जोर
उपायुक्त ने पीड़ितों के जाति प्रमाणपत्रों का नियमानुसार सत्यापन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सत्यापन में किसी प्रकार की अस्पष्टता होने पर संबंधित अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर उसका शीघ्र निराकरण किया जाए।

पीड़ितों को समय पर मिले सहायता और कानूनी जानकारी
जिला कल्याण विभाग को पीड़ितों से समन्वय स्थापित कर उनकी समस्याओं की जानकारी लेने तथा उन्हें विधिक परामर्श और संबंधित योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने को कहा गया। साथ ही, अधिनियम के प्रावधानों और पीड़ितों के अधिकारों के प्रति जागरूकता अभियान चलाने पर जोर दिया गया।
अधिकारियों की रही मौजूदगी
बैठक में पुलिस अधीक्षक नाथू सिंह मीणा, उप विकास आयुक्त शताब्दी मजूमदार, प्रशिक्षु आईएएस अरविंद राधाकृष्णन, डीसीएलआर अनुराधा कुमारी, जिला कल्याण पदाधिकारी सुचिता किरण सहित समिति के अन्य सदस्य उपस्थित थे।
