(Steel Authority of India Limited (SAIL) has introduced a comprehensive Foreign Travel Policy defining clear eligibility criteria, allowances, and rules for employees undertaking official overseas assignments. The policy aims to enhance global exposure while ensuring structured governance, cost control, and accountability in international visits)
Bokaro: Steel Authority of India Limited (सेल) ने अपने कर्मचारियों के लिए नई फॉरेन ट्रैवल पॉलिसी लागू कर दी है। इस नीति में विदेश यात्रा से जुड़े सभी नियम, पात्रता, भत्ते और सुविधाओं को विस्तार से तय किया गया है। यह पॉलिसी कंपनी के सभी नियमित कर्मचारियों, प्रशिक्षुओं, चेयरमैन, फंक्शनल डायरेक्टर्स और मुख्य सतर्कता अधिकारी (CVO) पर लागू होगी।

विदेश यात्रा के उद्देश्य तय
नई नीति के तहत विदेश यात्रा को तीन श्रेणियों—बिजनेस टूर, इक्विपमेंट फेमिलियराइजेशन एवं मैनेजेरियल एक्सपोजर, और ऑफिशियल कॉन्फ्रेंस—में बांटा गया है। इनका उद्देश्य कर्मचारियों को अंतरराष्ट्रीय अनुभव, तकनीकी जानकारी और प्रबंधन कौशल प्रदान करना है।
पात्रता के लिए सख्त मानदंड
बिजनेस टूर के लिए कर्मचारियों का चयन संगठन की आवश्यकता के अनुसार किया जाएगा। वहीं अन्य श्रेणियों में विदेश जाने के लिए कम से कम तीन वर्ष की सेवा शेष होना अनिवार्य है। साथ ही पिछले तीन वर्षों में खराब प्रदर्शन रेटिंग नहीं होनी चाहिए।

डेली अलाउंस और खर्च का प्रावधान
विदेश यात्रा के दौरान CMD और फंक्शनल डायरेक्टर्स को या तो वास्तविक खर्च का भुगतान किया जाएगा या 500 अमेरिकी डॉलर प्रतिदिन का समेकित भत्ता दिया जाएगा। वहीं, E-9 से नीचे के अधिकारियों के लिए 300 से 400 डॉलर प्रतिदिन तक का भत्ता तय किया गया है, जिसमें भोजन, होटल और अन्य खर्च शामिल होंगे।
एयर ट्रैवल और बैगेज सुविधा
E-8 और उससे नीचे के अधिकारियों को इकॉनमी क्लास में यात्रा की सुविधा मिलेगी, जबकि E-9 और उससे ऊपर के अधिकारियों को बिजनेस क्लास में यात्रा की अनुमति दी गई है। 7 से 14 दिनों के विदेशी दौरे पर अतिरिक्त बैगेज ले जाने की भी अनुमति दी गई है।
अन्य खर्च भी कंपनी वहन करेगी
पासपोर्ट, वीजा, मेडिकल बीमा, एयरपोर्ट टैक्स और अन्य आवश्यक खर्च कंपनी द्वारा वहन किए जाएंगे या कर्मचारियों को प्रतिपूर्ति की जाएगी। ट्रांजिट के दौरान कर्मचारियों को 50 डॉलर की अतिरिक्त राशि भी दी जाएगी।
साल में चार से ज्यादा विदेश यात्रा पर रोक
नीति के तहत किसी भी कर्मचारी को एक वर्ष में अधिकतम चार विदेश यात्राएं ही करने की अनुमति होगी। इससे अधिक यात्रा के लिए विशेष अनुमति आवश्यक होगी।
रिपोर्ट और सर्विस बॉन्ड अनिवार्य
सात दिनों से अधिक के विदेश दौरे पर लौटने के बाद कर्मचारियों को विस्तृत रिपोर्ट जमा करनी होगी। वहीं, लंबे प्रशिक्षण या एक्सपोजर के लिए जाने वाले कर्मचारियों को सर्विस बॉन्ड भरना अनिवार्य किया गया है।
कंपनी के पास बदलाव का अधिकार सुरक्षित
Steel Authority of India Limited ने स्पष्ट किया है कि आवश्यकता पड़ने पर इस नीति में संशोधन या इसे समाप्त करने का अधिकार प्रबंधन के पास सुरक्षित रहेगा।

