Bokaro: बोकारो स्टील प्लांट (बीएसएल) के ज्ञानार्जन एवं विकास विभाग में पीएम-सेतु योजना के अंतर्गत नए आईटीआई पाठ्यक्रमों की पहचान के लिए ‘स्किल-नेक्स्ट’ (SkillNext) कार्यशाला आयोजित की गई। इसका उद्देश्य उद्योगों की वर्तमान और भविष्य की कौशल जरूरतों के अनुरूप रोजगारपरक प्रशिक्षण कार्यक्रम विकसित करना था।


औद्योगिक जरूरतों के अनुसार प्रशिक्षण पर जोर
कार्यशाला का उद्घाटन मुख्य महाप्रबंधक (मानव संसाधन-ज्ञानार्जन एवं विकास) ने किया। उन्होंने युवाओं की रोजगार क्षमता और तकनीकी दक्षता बढ़ाने के लिए उभरती औद्योगिक जरूरतों की पहचान करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि उद्योगों की मांग के अनुरूप प्रशिक्षण कार्यक्रम विकसित करना आवश्यक है। वहीं, सहायक महाप्रबंधक (मानव संसाधन-ज्ञानार्जन एवं विकास) ने बदलती औद्योगिक आवश्यकताओं के अनुसार आईटीआई पाठ्यक्रमों के आधुनिकीकरण की जरूरत बताई।
स्किल गैप दूर करने पर हुआ विचार-विमर्श
कार्यशाला में राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (NSDC) के प्रतिनिधियों ने पीएम-सेतु योजना और बोकारो क्लस्टर के संदर्भ में मौजूदा आईटीआई ट्रेडों एवं प्रशिक्षण क्षमताओं पर चर्चा की। इस दौरान उद्योगों की वर्तमान और भावी कौशल आवश्यकताओं, उपलब्ध कौशल तथा उद्योगों की अपेक्षाओं के बीच अंतर, उभरते औद्योगिक रुझानों और नए पाठ्यक्रमों की संभावनाओं पर विचार किया गया।

रोजगारोन्मुखी व्यावसायिक प्रशिक्षण को मिलेगा बढ़ावा
प्रतिभागियों ने क्षेत्र की औद्योगिक जरूरतों के अनुरूप आईटीआई ट्रेडों और पाठ्यक्रमों के चयन को लेकर सुझाव साझा किए। कार्यशाला का उद्देश्य कौशल की कमी को दूर करना और व्यावसायिक प्रशिक्षण को अधिक प्रभावी एवं रोजगारोन्मुखी बनाना था। कार्यक्रम का समन्वय बीएसएल के मानव संसाधन विभाग के ज्ञानार्जन एवं विकास केंद्र के अधिकारियों ने किया।
