Bokaro: दिल्ली में आंदोलनरत छात्र-छात्राओं पर हुए कथित पुलिस लाठीचार्ज और उत्पीड़न के विरोध में झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) बोकारो जिला समिति ने गुरुवार को जिला मुख्यालय के समक्ष केंद्र सरकार का पुतला दहन किया। प्रदर्शन का नेतृत्व JMM बोकारो जिलाध्यक्ष रतनलाल मांझी ने किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्रवाई की मांग की।

छात्र आंदोलन पर कार्रवाई को बताया लोकतंत्र पर हमला
पुतला दहन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए JMM जिलाध्यक्ष रतनलाल मांझी ने कहा कि दिल्ली में अपने अधिकारों को लेकर आवाज उठा रहे छात्र-छात्राओं के साथ केंद्र सरकार के इशारे पर बर्बरतापूर्ण व्यवहार किया गया। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे आंदोलनकारियों पर लाठी-डंडों और बल प्रयोग करना बेहद निंदनीय है। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसी जनविरोधी कार्रवाई करने वाली सरकार को सत्ता में बने रहने का नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इस्तीफे की मांग भी की।

NEET और शिक्षा व्यवस्था के मुद्दों को लेकर प्रदर्शन का दावा
JMM बोकारो महानगर अध्यक्ष मंटू यादव ने कहा कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र और युवा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे, NEET 2026 परीक्षा में कथित अनियमितताओं, CBSE मार्किंग व्यवस्था से जुड़े विवाद और शिक्षा प्रणाली में सुधार की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। उन्होंने कहा कि छात्रों पर किया गया लाठीचार्ज लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक को अपनी बात रखने का अधिकार है, लेकिन केंद्र सरकार तानाशाही रवैये से आवाज दबाने का प्रयास कर रही है।
बड़ी संख्या में JMM कार्यकर्ता रहे मौजूद
मंटू यादव ने कहा कि देश का युवा अब अपने अधिकारों के लिए एकजुट हो रहा है और आने वाले समय में ऐसी नीतियों का विरोध करेगा। पुतला दहन कार्यक्रम में JMM के केंद्रीय सदस्य हीरालाल मांझी, अशोक मुर्मू, अखिलेश महतो, विजय रजवार, जिला सचिव मुकेश महतो, मोहन मुर्मू, हसन इमाम, पंकज जायसवाल, फैयाज आलम, मनोज हेंब्रम, आलोक सिंह, मिथुन मंडल सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद थे।

